Doctor pankaj narang की हत्या मुस्लिमों के द्वारा

Doctor pankaj narang (डॉक्टर पंकज नारंग) की तरह शहर में रहने वाले हिन्दुओं के लिए सुचना,

doctor pankaj narang

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डॉक्टर पंकज नारंग (doctor pankaj narang) की तरहा हिन्दुओं मरोगे बेमोत, ये मुगल, बांग्लादेसी, पाकिस्तानी, मुल्ले 15, 20 झुण्ड में आएँगे और तुम्हे रोड, डंडे, आदि से फोड़ देंगे, और तुम हिन्दुओं की काहानी खत्म। भाई आखिर अपनी आत्मरक्षा के बारे में कब सोचोगे जब कोई एक और doctor pankaj narang मरेगा तुम्हारे घर से तब।

बन्दूकों के लिए तो लाइसेंस लगता है पर डंडे, तलवारों के लिए कोई लाइसेंस नही लगता रखो अपने घरो में इन हथियारों को ना जाने कब जरूरत पड जाए। इस गलत फ़हमी में मत रहना की कानून या कोई नेता कोई सरकार तुम्हारी मदद करेगी, क्योंकि तुम हिन्दू हो येही तुम्हारा गुन्हा है इसलिए बेमोत ही मरोगे doctor pankaj narang की तरहा ये ही तुम्हारी किस्मत है।

हिन्दुओं या तो तुम आर्य बनो सारा खेल शिक्षा का है, यदि सभी हिन्दूओ ने वेदों की शिक्षा ली होती तो तुम आर्य होते और इन मलेछ दुष्टों को मारते और जान पाते वेदों में इश्वर ने दुष्टों को दंड देने के बारे में काहा है। तुम्हे पूरा हक है अपनी रक्षा करने का यदि सरकार तुम्हारी रक्षा ना करे तो तुम खुद अपनी रक्षा करो और दुष्टों को मरो।

डॉक्टर पंकज नारंग के आस पास रहने वाले हिन्दू यदि हथियार चलाना जानते तो डॉक्टर पंकज नारंग dr pankaj naram की आप मदद कर सकते थे। हथियार चलाने सीखो ना जाने कब जरूरत पड़ जाए। इन नेताओं ने इतने सपोले पाल रखे हैं की आप लोगों को ये मारेंगे।

जो नेता अखलाक की मोत पर विधवा विलाप कर रहे थे कन्हा है वो नेता क्या इन नेताओं की नजर में सिर्फ वो अखलाक ही मनुष्य था doctor pankaj narang कोई एहमियत नही रखता इन नेताओं की नजरों में। ये पत्रकार मिडिया जो रंडीखाना खोले बेठे है। जिन्हें सिर्फ मुस्लिम ही दीखते है मुस्लिमों को छोटी सी आंच भी आजाए तो छाती पिटनी शुरू करदेते है।  doctor pankaj narang की मोत पर क्यूँ चुप हैं ये क्योंकि dr pankaj naram एक हिन्दू था इसलिए।

मित्रों वेद की आज्ञा है की आर्य बनो और बनाओ क्योंकि अपने वेद ही है जो हमे वीर और साहसी बनने की शिक्षा देते है। याद रखना जबतक ये देश आर्यवर्त था तब तक कोई इसे हरा नही सका, जब ये भारत बना तो विनाश शुरू हुआ और आज जब ये आर्यवर्त हिन्दुस्तान बन चूका है तो यंहा ये हिन्दू मारा दिया जाता है।

फिर से हमे आर्य बनना होगा और दुष्टों को मारना होगा तभी कुछ होगा आपका भला। वरना डॉक्टर पंकज नारंग के जैसे तयार रहना मरने को। doctor pankaj narang का हंसता खेलता परिवार था। दुष्टों ने एक पल में उजाड़ दिया। मित्रों अब आवश्कता है अपने बच्चों को वेदों की शिक्षा दो।

मैं ये भी जानता हु की हिन्दू सो राहा है गहरी निंद्रा में आप लोग नही जागोगे आप नही बनोगे श्री राम, कृष्ण के जैसे आर्य क्योंकि आप लोग तो सिर्फ माहापरुषों की मूर्तियाँ बनाकर ही संतुष्ट हो। पर क्या करूं मुझे काफी पीड़ा होती है हिन्दुओं को एसे मरता देख इसीलिए ये लेख लिखा हो सकता है की कोई हिन्दू जागे और आर्य बनना चाहे और सुधार हो जाए।

आखिर में ये ही कहना चाहूँगा याद रखना वेद का ये मन्त्र कृण्वन्तो विश्वमार्यम :- सम्पूर्ण विश्व को आर्य बनाओ (ऋग्वेद मंडल ९, सूक्त ६३, मंत्र ५)

यदि आप आर्य बनना चाहते है तो अपने नजदीकी आर्यसमाज निर्मात्री सभा से सम्पर्क करें। यदि आप कुछ जानना चाहते हैं तो कमेन्ट के माध्यम से भी मुझसे जानकारी ले सकते है या इस मेल आईडी पर सम्पर्क करें bharatyogi87@gmail.com 

4 thoughts on “Doctor pankaj narang की हत्या मुस्लिमों के द्वारा

  1. Neeraj Kumar neer

    कुत्तों के मरने पर भी जहां शोक मनाया जाता है ।
    घोड़ो की गर टांग कटे तो दुःख जताया जाता है ।

    हिन्दू के मरने पर लेकिन चुप्पी साधी जाती है ।
    सहिष्णुता सद्भाव की हमे घुट्टी पिलाई जाती है ।

    सहिष्णुता का कोहरा अब इस देश में बहुत घना है ।
    भारत की हो जीत अगर तो खुशी मनाना मना है ।

    दादरी के अखलाक पर करोड़ो बहाये जाते हैं ।
    दिल्ली के नारंग पर आँसू भी बचाए जाते हैं ।

    एक मुसलमाँ अगर मरे तो धर्म बताया जाता है।
    एक हिन्दू के मरने पर अपराध गिनाया जाता है ।

    आदमी आदमी में भेद क्यों पूछो इन मक्कारों से ।
    लाशों के भी धर्म देखते सियासत के बटमारों से ।

    जब गूँजेगी दिल्ली अल्ला हू अकबर के नारो से ।
    तब रवीश भी कहाँ बचेंगे जेहादी तलवारों से ।

    यूं ही हम सब मारे जाएंगे बारी- बारी से ।
    अगर अब भी नहीं एक हुए चले नहीं हुशियारी से ।

    आज अगर दलित मरा तो कल ब्राह्मणो की बारी है ।
    ठाकुर की बेटी अब लूटी कल बनियों की तैयारी है ।

    तुम्हारी बात जो नहीं करे उसका बहिष्कार करो ।
    रविश,राजदीप जैसे गद्दारों का तिरस्कार करो ।

    कश्मीर में हिन्दू मरे उनका मानवाधिकार नहीं ।
    सच को सच कहना है इन ज़ालिमों को स्वीकार नहीं।

    देखना था अगर दिन यही तो हाय क्यों आज़ाद हुए ।
    दोनों हाथ कटाकर देश के फिर भी हम बर्बाद हुए ।

    सुविधा भोगी हिन्दू हुआ गाड़ी कोठी के चक्कर में ।
    बेटे पैदा चार करो चाहे रहो तुम छप्पर में ॥
    #नीरज कुमार नीर / #neeraj_kumar_neer

  2. Neeraj Kumar neer

    अगर आर्य समाज को सचमुच जिंदा करना है तो स्वामी श्रद्धानंद सरीखा नेतृत्व चाहिए …… सबसे पहले वर्तमान अध्यक्ष अग्निवेश को बाहर का रास्ता दिखाओ

    1. amit arya Post author

      Neeraj Kumar neer जी नमस्ते , भाई हम युवा अपने शेत्र में लगेहुए है, प्रयास जोरो से चल राहा है, और अग्निवेश को कोई भी आर्य नही मानता (इस अग्निवेश देश द्रोही को सिर्फ सोनिया गांधी ही आर्य मानती है)

  3. वीर

    आर्यसमाज के ही साथ हमें जुड़ना होगा अब वेदो की विचार धारा ही हिंदुओं को बचा सकती है, लोटो वेदो की तरफ

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