कब सुधरेंगें हम आज नवरात्रों का आखरी दिन हे

कब सुधरेंगें हम आज नवरात्रों का आखरी दिन हे आखरी दिन छोटी बच्चियों को खाना खिलाया जाता हे अगर ये बच्चियां ही न रही तो क्या होगा पेट में ही लड़कियों की हत्या करने के मामले बढ़ रहें हें क्या एसा करने से माताजी खुस होंगी कभी भी नही एक तरफ तो हमारे भारत की संस्क्रती में कन्याओं को देवी माना जाता हे दूसरी तरफ कुछ दुस्ट वेय्कती इन की पेट में ही हत्या क्रवादेते हें क्या ऐसा करने से माता खुस होजाएंगी हम लोग अपने स्वार्थ के लिए अपने भारत की संस्क्रती को मिट्टी में मिला रहे हें अभी भी वक्त हे सुधर जाओ इससे माताजी खुश नही होंगी